Uttar Pradesh Real Estate Regulatory Authority
Vicky Mukhi v. Logix Infrastructure Pvt.ltd
Complaint No. NCR144/11/0817/2019
- Decision date
- 2026-07-07
- Text availability
- Machine-read (OCR) text, unverified
- Bench
- Adjudicating Officer Gautam Budh Nagar
Source: UP RERA order
Connected provisions and cases
No further provision or case links are recorded.
Judgment text
उ.प्र. भू-सम्पदा विनियामक प्राधिकरण क्षेत्रीय कार्यालय, गौतमबुद्धनगर | सुनवाई पीठ-न्यायनिर्णायक अधिकारी, कार्यवाही अन्तर्गत धारा-38 /40/63 सपठित नियम-24 47-शिकायत WEAM:—NCR44/7/087/209 विक्की मुखी बनाम लॉजिक्स इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड आदेश-पत्र दिनांक: 07.07.2026 शिकायतकर्ता का वाद वीडियो ambit के माध्यम से प्रस्तुत किया गया। पत्रावली पेश हुई। पुकार पर शिकायतकर्ता अनुपस्थित। विपक्षी की ओर से विद्वान अधिवक्ता श्री पुनीत मलिक उपस्थित हुए। सुना गया एवं पत्रावली का अवलोकन किया गया। प्रश्नगत शकायत में माननीय पीठ-0।ए द्वारा नियमानुसार सुनवाई के उपरान्त दिनांक 05.02.2020 को निम्नवत आदेश पारित किये गये हैं:- 4. विपक्षी को आदेशित किया जाता है कि यदि कोई देय धनराशि अनुबन्ध के अधीन अवशेष है, तो उसे प्राप्त कर शिकायतकर्तागण के फ्लैट की समस्त सुविधाओं को पूर्ण कराकर दिनांक 29.02.2020 से पूर्व सम्बन्धित प्राधिकरण से ओ.सी»सी.सी प्राप्त कर कब्जा देना सुनिश्चित करें और देय स्टाम्प शुल्क प्राप्त कर नियमानुसार रजिस्ट्री करायें। 2. विपक्षी, शिकायतकर्ता को दिनांक 04.42.2042 से दिनांक 304.20i6 तक 5/- रूपये प्रति वर्गफुट प्रतिमाह की दर से व दिनांक 02.05.20I6 से ओ. P/M. अथवा कब्जा ऑफर किये जाने की तिथि, जो भी बाद में हो तक शिकायतकर्ता द्वारा जमा धनराशि पर MCLRH प्रतिशत ब्याज अदा करना सुनिश्चित करें। अन्य शिकायतकर्ता के प्रकरण में अनुबन्ध के अनुरूप उपरोक्तानुसार गणना की जायेगी।
3. विपक्षी को आदेशित किया जाता है कि aged के समय सुपर एरिया के विभिन्न el का विवरण -वर्तमान में उन्हीं मदों में परियोजना के परिवर्तित क्षेत्रफल व उस परिवर्तन का कारण बताते हुए एवं दोनों स्थितियों में शिकायतकर्ता के क्षेत्रफल की गणना का आधार शिकायतकर्तागण को स्पष्ट करना सुनिश्चित करें। के 4. यह भी स्पष्ट किया जाता है कि रेरा अधिनियम 20:6 के धारा 2 (a) के अन्तर्गत परिभाषित किया गया है कि यदि रेरा लागू होने के बाद कोई ब्याज दर आवंटी के डिफॉल्ट से प्रोमोटर द्वारा लिया जाता है, तो उसी दर से ब्याज प्रोमोटर द्वारा डिफॉल्ट किये जाने पर भी आवंटी को दिया जायेगा। ब्याज की दर MCLR+H प्रतिशत होनी चाहिए। 5, यदि विपक्षी शिकायतकर्ता को दिनांक 29.02.2020 तक कब्जा देने में असफल रहता है, तो दिनांक 29.02.2020 के पश्चात् 45 दिनों के अन्दर शिकायतकर्ता द्वारा जमा धनराशि 37,09,572 /- रूपये MCLR+H प्रतिशत वार्षिक ब्याज दर सहित वापस अदा करना सुनिश्चित करें| 6. इस आदेश की एक-एक प्रति सम्बंधित पत्रावलियों पर रखी जाये एवं इस आदेश में प्रतिपादित सिद्धान्त के अनुरूप धनराशि व ब्याज की प्रत्येक मामले में गणना की जायेगी। 7... इस आदेश का उल्लघंन उठ्प्र० भून्सम्पदा (विनियमन तथा विकास) अधिनियम, 50i6 की धारा-63 तथा अन्य सुसंगत प्राविधानों के अन्तर्गत दंडनीय होगा। विपक्षी द्वारा आदेश दिनांक 05.02.2020 का अनुपालन नहीं किया गया, जिस कारण शिकायतकर्ता द्वारा धारा-38/40/63 के अन्तर्गत उक्त आदेश के क्रियान्वयन हेतु प्रार्थना-पत्र दाखिल किया गया। उपरोक्त शिकायत में मा. पीठ-04ए द्वारा दिनांक 25.05. 2024 को धारा-63 के अन्तर्गत निम्न आदेश पारित किया गया है किः-
सचिव को निर्देशित किया जाता है कि प्रश्नगत प्रकरण में पीठ द्वारा पूर्व में पारित आदेश दिनांक 05.02.2020 के अनुसार विलम्बित अवधि के ब्याज का वसूली प्रमाण पत्र जारी करना सुनिश्चित करें और रेरा अधिनियम, 20:6 की धारा-63 के अन्तर्गत यथोचित अर्थदण्ड अधिरोपित किये जाने हेतु पत्रावली प्राधिकरण के समक्ष पेश की जाये। अन्तर्गत धारा-38,/40,/63 की निष्पादन की कार्यवाही के दौरान माननीय सम्बन्धित रेरा पीठ द्वारा अपने आदेश का निष्पादन कराते हुए शिकायतकर्ता को यूनिट का कब्जा उपलब्ध नहीं कराया जा सका और न ही शिकायतकर्ता के पक्ष में यूनिट की रजिस्ट्री कराई जा सकी। तदोपरान्त श्रीमान सचिव, रेरा द्वारा पारित कार्यालय आदेश दिनांक 49.42.2025 के अनुसार पत्रावली नियम-24 की कार्यवाही हेतु इस पीठ को संदर्भित की गई। विपक्षी को निर्देशित किया जाता है कि वह माननीय रेरा पीठ के आदेश के अनुपालन में कब्जा प्रस्ताव-पत्र वैध aah / सी.सी. सहित बकाया देयों की मांग सहित (यदि कोई हो तो) शिकायतकर्ता को दो माह के अन्दर प्रेषित करना सुनिश्चित करें तथा रेरा पोर्टल पर भी अपलोड करना सुनिश्चित करें। शिकायतकर्ता द्वारा बकाया देयों के अदा करने पर विपक्षी शिकायतकर्ता को यूनिट का कब्जा उपलब्ध कराते हुए शिकायतकर्ता के पक्ष में यूनिट की रजिस्ट्री कराना सुनिश्चित करें। शिकायतकर्ता को यदि कोई आपत्ति हो, Qn तो वह अपनी आपत्ति दाखिल कर सकता। पत्रावली अग्रिम सुनवाई हेतु दिनांक 08.40.2026 को पेश हो। (न्यायनिर्णायक अधिकारी) उ.प्र. भू-सम्पदा विनियामक प्राधिकरण