Uttar Pradesh Real Estate Regulatory Authority
Sunil Kumar v. S. J. P. Hotels & Resorts Pvt Ltd
Complaint No. NCR144/07/97268/2022
- Decision date
- 2026-09-03
- Text availability
- Machine-read (OCR) text, unverified
- Bench
- Adjudicating Officer Gautam Budh Nagar
Source: UP RERA order
Connected provisions and cases
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Judgment text
उ.प्र. भू-सम्पदा विनियामक प्राधिकरण क्षेत्रीय कार्यालय, गौतमबुद्धनगर | सुनवाई पीठ-न्यायनिर्णायक अधिकारी, कार्यवाही अन्तर्गत धारा-38 / 40/63 सपठित नियम-24 47-शिकायत PAE—NCR 44/07/97268/2022 सुनील कुमार बनाम एस. जे. पी. होटल्स Us रिसॉर्ट्स प्राइवेट लिमिटेड आदेश-पत्र दिनांक: 03.09.2026 शिकायतकर्ता का वाद वीडियो obit के माध्यम से प्रस्तुत किया गया। पत्रावली पेश हुई। पुकार पर शिकायतकर्ता की ओर से विद्वान अधिवक्ता श्री मनीष अरोड़ा उपस्थित हुए। विपक्षी की ओर से विद्वान अधिवक्ता सुश्री आशु चौधरी उपस्थित हुई। उभयपक्षों को सुना गया एवं पत्रावली का अवलोकन किया गया। विपक्षी द्वारा गणना शीट दिनांकित 30.42.2025 प्रस्तुत की जा चुकी है, जिसके अनुसार शिकायतकर्ता द्वारा अपनी आपत्ति दाखिल की गई है। विपक्षी द्वारा दाखिल गणना शीट के अनुसार आवंटित यूनिट की बेसिक कीमत रु.42,83,442.44 //-, जिस पर विलम्ब ब्याज रू. 5,09,293/— तथा होल्डिंग एवं वार्ड एण्ड वॉच चार्ज रु.2,25,480,/- तथा कुल धनराशि ¥.20,7,95.4 /- शिकायतकर्ता की ओर दशाई गई है। शिकायतकर्ता द्वारा अपनी आपत्ति में यह कहा गया है कि वह आवंटित यूनिट के मद में बेसिक कीमत का भुगतान करने के लिए तैयार है। शिकायतकर्ता द्वारा यह कहा गया कि वह विलम्ब ब्याज एवं होल्डिंग चार्ज का भुगतान करने के लिए बाध्य नहीं है, क्योंकि विपक्षी द्वारा अभी तक शिकायतकर्ता को यूनिट का कब्जा उपलब्ध नहीं कराया गया है। जहाँ तक विलम्ब ब्याज का प्रश्न है, तो यदि शिकायतकर्ता द्वारा भुगतान करने में विलम्ब किया गया है, तो विपक्षी माननीय रेरा पीठ-04 द्वारा पारित आदेश दिनांक 30.04.2023 के अनुसार शिकायतकर्ता से विलम्ब ब्याज की धनराशि प्राप्त करने का अधिकारी होगा।
जहाँ तक होल्डिंग चार्ज का प्रश्न है, क्योंकि विपक्षी द्वारा इस सम्बन्ध में उक्त यूनिट / परियोजना का ओ.सी./सी.सी दाखिल नहीं किया गया है। ओ.सी./सी.सी. दाखिल करने के उपरान्त ही होल्डिंग चार्ज के सम्बन्ध में अग्रिम तिथि पर आदेश पारित किया जा सकेगा। अत: शिकायतकर्ता को निर्देशित किया जाता है कि वह उपरोक्त के परिप्रेक्ष्य में विपक्षी को आवंटित यूनिट के मद में बकाया धनराशि का भुगतान एक माह के अन्दर करना सुनिश्चित करें | विपक्षी को निर्देशित किया जाता है कि वह उक्त परियोजना/यूनिट का sixth. / OH, रेरा पोर्टल पर अपलोड एवं भौतिक रूप से रेरा कार्यालय में दाखिल करें। बकाया देय का भुगतान होने के उपरान्त ही शिकायतकर्ता द्वारा कुर्की और गिरफ्तारी हेतु दाखिल प्रार्थना-पत्र पर सुनकर आदेश पारित किया जायेगा। पत्रावली अग्रिम सुनवाई हेतु दिनांक 20.4.2026 को पेश हो। F280 आर. पी. सिह (न्यायनिर्णायक अधिकारी) उ.प्र. भू-सम्पदा विनियामक प्राधिकरण