Uttar Pradesh Real Estate Regulatory Authority
Pramila Rani and Gaurav Arora v. Capital Infratechomes Private Limited
Complaint No. NCR144/06/1188/2019
- Decision date
- 2026-07-13
- Text availability
- Machine-read (OCR) text, unverified
- Bench
- Adjudicating Officer Gautam Budh Nagar
Source: UP RERA order
Connected provisions and cases
No further provision or case links are recorded.
Judgment text
उ.प्र. भू-सम्पदा विनियामक प्राधिकरण क्षेत्रीय कार्यालय, गौतमबुद्धनगर | सुनवाई पीठ-न्यायनिर्णायक अधिकारी, कार्यवाही अन्तर्गत धारा-38 /40/63 सपठित नियम-24 3-शिकायत PAT—NCRI44/06/88/209 प्रमिला रानी एवं गौरव अरोड़ा बनाम कैपिटल इंफ्राटेकोम्स प्राइवेट लिमिटेड आदेश-पत्र दिनांक: 43.07.2026 शिकायतकर्ता का वाद वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रस्तुत किया गया। पत्रावली पेश हुई। पुकार पर शिकायतकर्ता की ओर से विद्वान अधिवक्ता श्री असित कुमार उपस्थित हुए। विपक्षी की ओर से विद्वान अधिवक्ता श्री इन्द्रेश सिंह उपस्थित हुए। उभयपक्षों को सुना गया एवं पत्रावली का अवलोकन किया गया। विपक्षी द्वारा अपनी आपत्ति दाखिल की गई है। शिकायतकर्ता की ओर से वारिसान कायमी के सम्बन्ध में निर्धारित शुल्क रु.4,000,//- का fears ड्राफ्ट दाखिल किया गया है, जिसको विपक्षी उक्त डिमाण्ड ड्राफ्ट WI कार्यालय से प्राप्त कर सकता है। शिकायतकर्ता द्वारा बकाया देयों के सम्बन्ध में भी एक ड्राफ्ट रु.42,00,000 /-बनाकर WI कार्यालय में दाखिल किया गया है, जिसको विपक्षी उक्त डिमाण्ड ड्राफ्ट रेरा कार्यालय से प्राप्त कर सकता है। क्योंकि विपक्षी द्वारा माननीय रेरा पीठ द्वारा पारित आदेश दिनांकित 44.44.2049 का आज तक अनुपालन नहीं किया गया है। शिकायतकर्ता द्वारा प्रार्थना-पत्र दिनांकित 42.06. 2026 आदेश-24 सिविल प्रक्रिया संहिता के अन्तर्गत यूनिट ol GH, कब्जा दिलाये जाने हेतु दाखिल किया गया है।
अतः ऐसी स्थिति में शिकायतकर्ता को कब्जा उपलब्ध कराये जाने हेतु एवं आदेश दिनांकित 44.44.2049 का अनुपालन कराये जाने हेतु आदेश-24 सिविल प्रक्रिया संहिता के अन्तर्गत कार्यवाही करने के अलावा कोई विकल्प शेष नहीं है। शिकायतकर्ता द्वारा दाखिल उक्त प्रार्थना-पत्र स्वीकार किया जाता है। अतः ऐसी स्थिति में नियम-24 में दी गई व्यवस्था के अनुसार और नियम-24 की कार्यवाही के अन्तर्गत शिकायतकर्ता को कब्जा उपलब्ध कशाये जाने हेतु आदेश-24 सिविल प्रक्रिया संहिता के अन्तर्गत कार्यवाही करते हुए तथा कार्यालय आदेश संख्या-3839 / यू पी. रेरा / WM. / 2025-26 दिनांक 28.08.2025 के अनुसार परियोजना-८०छां॥॥ Athena में यूनिट नल संख्या-0»4/703 को इस न्यायालय द्वारा HH किया जाता है तथा कार्यालय आदेश संख्या-42482 / यू पी.रेरा / प्रशा, / 2024-25 दिनांक 24.08.2024 के अनुसार श्री रजत शर्मा, अवर अभियन्ता को रिसीवर नियुक्त किया जाता है। अतः श्री रजत शर्मा, अवर अभियंता को निर्देशित किया जाता है कि वह यूनिट को कुर्क कर न्यायालय के कब्जे में लेकर अपनी आख्या 45 दिनों के अन्दर इस न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत करें, ताकि आदेश-24 सिविल प्रक्रिया संहिता के अन्तर्गत कार्यवाही करते हुए स्वयं इस न्यायालय द्वारा शिकायतकर्ता को यूनिट का कब्जा उपलब्ध कराया जा सके और यूनिट की रजिस्ट्री कराई जा सके एवं आदेश दिनांक 74.4.20I9 का अनुपालन कराया जा सके।
श्री रजत शर्मा, अवर अभियंता को यह भी निर्देशित किया जाता है कि वह जहाँ तक संभव हो यूनिट की कुर्की शिकायतकर्ता एवं उनके अधिकृत प्रतिनिधि / अधिवक्ता तथा विपक्षी के प्रतिनिधि / अधिवक्ता की उपस्थिति में पूर्ण करेंगे और उभयपक्ष एवं उनके प्रतिनिधि को पहले से ही इस सम्बन्ध में अवर अभियंता द्वारा सूचित किया जाये। प्रस्तुत मामले में शिकायतकर्ता की ओर से प्रार्थना-पत्र इस आशय का दाखिल किया गया है कि विपक्षी के डायरेक्टर को सिविल कारागार में निरुद्ध कराकर आदेश का निष्पादन कराना चाहता है। अतः विपक्षी / कम्पनी के डायरेक्टर को निर्देशित किया जाता है कि वह दिनांक 04. 08.2026 को स्वयं इस न्यायालय के समक्ष वीडियो aR के माध्यम से उपस्थित होकर बताये कि क्यों न उनको 3 माह के लिए सिविल कारागार में निरुद्ध कर आदेश का निष्पादन कराये जाये। पत्रावली अग्रिम सुनवाई हेतु दिनांक 04.08.2026 को पेश हो। Seu. at आर. पी. 20 (न्यायनिर्णायक अधिकारी) उ.प्र. भू-सम्पदा विनियामक प्राधिकरण